मुंबई। मंगल भारत अभियान ने वसई विरार महानगरपालिका और राष्ट्रीय सेवा योजना के सहयोग से नालासोपारा में 500 देशी वृक्ष लगाकर प्रकृति के साथ दोस्ती का एक नया उदाहरण पेश किया। इस अभियान का उद्देश्य केवल वृक्षारोपण नहीं था, बल्कि लोगों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना और उन्हें प्रकृति के साथ भावनात्मक रूप से जोड़ना भी था।

कार्यक्रम की शुरुआत पौधों की पूजा के साथ की गई, जिसमें सभी लोगों ने पर्यावरण को प्रणाम किया। इस वृक्षारोपण कार्यक्रम में विवा टेक्नोलॉजी, विवा फार्मेसी, विवा कॉलेज, पद्मश्री भाऊसाहेब वर्तक कॉलेज, केएल तिवारी डिग्री कॉलेज और एई कालसेकर कॉलेज के एन एस एस छात्रों ने न केवल हिस्सा लिया, बल्कि पर्यावरण विषयक प्रश्नोत्तरी में भी सक्रिय भागीदारी दिखाई।
मंगल भारत अभियान की टीम ने हर विद्यार्थी का गुलाब के फूल से स्वागत कर, उनसे यह संकल्प दिलवाया कि वे जीवन में कम से कम 5 पेड़ अवश्य लगाएंगे। इस मौके पर मंगल भारत अभियान के संस्थापक अध्यक्ष संतोष शर्मा ने कहा, 2020 में कोरोना काल में हमने इस अभियान की शुरुआत की थी, आओ हम सब पेड़ लगाएं, एक नहीं अनेक लगाएं। तब से अब तक 2000 से अधिक देसी वृक्ष लगाए जा चुके हैं। हमारा सपना है कि हर भारतीय हर साल 5 पेड़ लगाए।

इस वृक्षारोपण अभियान की सफलता के पीछे मंगल भारत अभियान की टीम, वसई विरार महानगरपालिका के गार्डन तथा वृक्ष अधीक्षक सुरेश पाटिल, एन एस एस यूनिट कोऑर्डिनेटर्स, पर्यावरण संरक्षण गतिविधि वसई जिला की टीम, और समर्पित स्वयंसेवकों का अथक परिश्रम शामिल रहा। इनमें प्रमुख रूप से डॉ. दीपक दलवी, प्रोफेसर नेहा चुरी, सुशील मिश्रा, मोना देढिया, रुचिता भोईर और पलक जोशी जैसे प्रेरक नाम शामिल हैं।













